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विवाह की रस्में: क्रम और अर्थ
रोका से पग फेरे तक हर रस्म का अर्थ, कौन क्या करता है और कब होती है।
विवाह से पहले
रोकारोका की रस्मसगाईसगाई की रस्मतिलकतिलक की रस्मसंगीतसंगीत की रस्ममेहंदीमेहंदी की रस्महल्दीहल्दी की रस्मचूड़ाचूड़ा की रस्म
विवाह के दिन
सेहरा बंदीसेहरा बंदी की रस्मबारातबारात की रस्ममिलनीमिलनी की रस्मजयमालाजयमाला की रस्मकन्यादानकन्यादान की रस्ममंगल फेरेमंगल फेरेसप्तपदी और सात वचनसात वचनसिंदूर दानसिंदूर दान की रस्ममंगलसूत्रमंगलसूत्र की रस्म
विवाह के बाद
विदाईविदाई की रस्मगृह प्रवेशशादी के बाद गृह प्रवेशरिसेप्शनशादी का रिसेप्शनमुँह दिखाईमुँह दिखाई की रस्मपग फेरापग फेरा की रस्म
तारीख तय कर रहे हैं?
मुहूर्त कैलेंडर में हर महीने की शुभ विवाह तिथियाँ और उनके समय हैं।
विवाह मुहूर्त कुंडली मिलानQuestions people ask
हिंदू विवाह में रस्मों का क्रम क्या है?
मोटे तौर पर: रिश्ता पक्का करने के लिए रोका और सगाई, फिर पहले के दिनों में संगीत, मेहंदी और हल्दी, विवाह के दिन बारात, जयमाला, कन्यादान, फेरे, सिंदूर और मंगलसूत्र, और बाद में विदाई और नए घर में स्वागत। परिवार और क्षेत्र के अनुसार क्रम बदलता है।
विवाह किस रस्म से पूरा माना जाता है?
जहाँ सप्तपदी रीति का हिस्सा है, वहाँ हिंदू विवाह अधिनियम के अनुसार सातवाँ कदम पूरा होने पर विवाह पूर्ण माना जाता है।
मिलान के आँकड़े TrueSaath के निःशुल्क कैलकुलेटर द्वारा गणित पारंपरिक गुण मिलान हैं, और संदर्भ के लिए हैं, सलाह के रूप में नहीं।